गृह मंत्रालय, भारत सरकार के निर्देशानुसार सीमावर्ती क्षेत्रों में रहने वाले ग्रामीणों को आवश्यक सेवाएं उपलब्ध कराने, उनके कल्याण एवं पशुधन के संरक्षण के उद्देश्य से 55वीं वाहिनी, सशस्त्र सीमा बल, पिथौरागढ़ द्वारा समय-समय पर विभिन्न नागरिक कल्याण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में दिनांक 22 सितंबर 2026 को “ई” समवाय, बगडीहाट के कार्यक्षेत्र अंतर्गत वाइब्रेंट गांव डोडा में एक दिवसीय निःशुल्क पशु चिकित्सा एवं नागरिक कल्याण शिविर का आयोजन किया गया।
शिविर का आयोजन डॉ. पूजा फर्सवान, द्वितीय कमान अधिकारी (पशु चिकित्सा), क्षेत्रक मुख्यालय, सशस्त्र सीमा बल, अल्मोड़ा की अध्यक्षता में किया गया। शिविर के दौरान डॉ. पूजा फर्सवान द्वारा ग्रामीणों के पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण कर आवश्यक उपचार प्रदान किया गया तथा उन्हें निःशुल्क पशु चिकित्सा दवाइयां वितरित की गईं।
इस अवसर पर पशुपालकों को पशुओं के उचित रखरखाव, संतुलित आहार, समय पर टीकाकरण, संक्रामक रोगों की रोकथाम, स्वच्छता तथा वैज्ञानिक पशुपालन के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी एवं आवश्यक परामर्श भी प्रदान किया गया। पशुपालकों को पशुओं में बीमारी के प्रारंभिक लक्षणों की पहचान तथा समय पर पशु चिकित्सा सुविधा प्राप्त करने के लिए भी जागरूक किया गया।
शिविर के दौरान कुल 152 पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण एवं उपचार किया गया शिविर से कुल 26 पशुपालक लाभान्वित हुए। ग्रामीणों को आवश्यकतानुसार निःशुल्क दवाइयां भी उपलब्ध कराई गईं। ग्रामीणों ने सशस्त्र सीमा बल द्वारा सीमावर्ती क्षेत्र में आयोजित इस जनकल्याणकारी पहल की सराहना करते हुए इसे पशुपालकों एवं ग्रामीण समुदाय के लिए अत्यंत उपयोगी बताया। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के शिविरों से ग्रामीणों को अपने पशुधन के स्वास्थ्य के संबंध में आवश्यक चिकित्सा सुविधा एवं विशेषज्ञ परामर्श स्थानीय स्तर पर ही उपलब्ध हो जाता है।
55वीं वाहिनी, सशस्त्र सीमा बल, पिथौरागढ़ द्वारा सीमावर्ती क्षेत्रों में स्थानीय ग्रामीणों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने तथा जनहित एवं पशु कल्याण से जुड़े कार्यक्रमों को निरंतर बढ़ावा देने की दिशा में विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं। वाहिनी द्वारा भविष्य में भी सीमांत क्षेत्रों में नागरिक कल्याण, पशु चिकित्सा, स्वास्थ्य जागरूकता एवं अन्य जनहितकारी कार्यक्रमों का आयोजन जारी रखने की प्रतिबद्धता व्यक्त की गई।