पिथौरागढ़। 55वीं वाहिनी, सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी), पिथौरागढ़ में राजभाषा निरीक्षण एवं हिंदी कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम में गृह मंत्रालय, भारत सरकार की संयुक्त निदेशक (परामर्शदाता) श्रीमती अनुपमा परमार तथा कनिष्ठ अनुवाद अधिकारी सुश्री सुरभि शर्मा ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों को राजभाषा हिंदी के प्रभावी प्रयोग के संबंध में मार्गदर्शन दिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों के स्वागत एवं अभिनंदन के साथ हुआ। इस अवसर पर वाहिनी के वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि राजभाषा हिंदी का प्रभावी क्रियान्वयन केवल संवैधानिक दायित्व ही नहीं, बल्कि प्रशासनिक दक्षता, पारदर्शिता और आमजन से प्रभावी संवाद स्थापित करने का सशक्त माध्यम भी है।
राजभाषा निरीक्षण के दौरान कार्यालयों में हिंदी के प्रयोग, राजभाषा नीति के अनुपालन तथा कार्यालयी कार्यों की समीक्षा की गई। इसके बाद आयोजित हिंदी कार्यशाला में पत्राचार, टिप्पणियां, नोटशीट, ई-ऑफिस सहित अन्य कार्यालयी कार्यों में हिंदी के अधिकाधिक उपयोग पर विशेष बल दिया गया। विशेषज्ञों ने राजभाषा संबंधी प्रावधानों की जानकारी देने के साथ अधिकारियों एवं कर्मचारियों को व्यवहारिक सुझाव भी दिए।
कार्यक्रम में यह संकल्प दोहराया गया कि 55वीं वाहिनी एसएसबी भविष्य में भी राजभाषा हिंदी के प्रचार-प्रसार और प्रभावी क्रियान्वयन के लिए पूर्ण प्रतिबद्धता के साथ कार्य करती रहेगी तथा भारत सरकार की राजभाषा नीति के सफल क्रियान्वयन में सक्रिय योगदान देती रहेगी।
इस अवसर पर उप कमांडेंट अजय कुमार, उप कमांडेंट निमित अहलावत, सहायक कमांडेंट (संचार) नीरज चौहान सहित 55वीं वाहिनी एसएसबी एवं 14वीं वाहिनी आईटीबीपी के अधिकारी और बड़ी संख्या में बल कार्मिक उपस्थित रहे।